ईवीएम-वीवीपैट स्ट्रांग रूम का निरीक्षण, विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों की समीक्षा
डीएम ने 24×7 सीसीटीवी निगरानी और निर्धारित नियमों के अनुसार स्ट्रांग रूम में प्रवेश सुनिश्चित करने के दिए निर्देश

महराजगंज।(न्यूज पैच)। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने कलेक्ट्रेट परिसर स्थित ईवीएम एवं वीवीपैट स्ट्रांग रूम वेयरहाउस/गोदाम का राष्ट्रीय एवं राज्यस्तरीय मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने ईवीएम-वीवीपैट के भंडारण और सुरक्षा व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने सुरक्षा गार्डों की तैनाती, सीसीटीवी कंट्रोल रूम, विद्युत सुरक्षा, ईवीएम-वीवीपैट के रखरखाव तथा गार्ड रूम की व्यवस्थाओं को देखा। उन्होंने भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुसार ईवीएम एवं वीवीपैट का रखरखाव सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। साथ ही स्ट्रांग रूम में नियमानुसार अधिकृत व्यक्तियों के प्रवेश की अनुमति देने और सीसीटीवी की 24×7 क्रियाशीलता सुनिश्चित करने को कहा।
इसके बाद जिलाधिकारी ने अपने कक्ष में गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन तथा आगामी विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2027 की तैयारियों को लेकर बैठक की। बैठक में निर्वाचन तैयारियों, मतदाता सूची, मतदान केंद्रों और मतदेय स्थलों की स्थिति की समीक्षा की गई तथा अधिकारियों एवं राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
उप जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि गोरखपुर-फैजाबाद खंड शिक्षक निर्वाचन के लिए जिले में निर्धारित मतदान केंद्रों पर कुल 3,605 मतदाता पंजीकृत हैं। वहीं विधानसभा सामान्य निर्वाचन-2027 के लिए परिसीमन/समायोजन प्रक्रिया के बाद जिले में कुल 2,228 मतदेय स्थल निर्धारित किए गए हैं।
बैठक में बताया गया कि जिले में वर्तमान में कुल 17,99,095 मतदाता हैं, जिनमें 9,79,709 पुरुष और 8,19,334 महिला मतदाता शामिल हैं। मतदाता सूची में महिला मतदाताओं की भागीदारी बढ़ाने पर विशेष जोर दिया गया।
अधिकारियों के अनुसार जिले का लिंगानुपात 836 और ईपी अनुपात 52.56 है, जबकि उत्तर प्रदेश का औसत लिंगानुपात 912 तथा ईपी अनुपात 61 है। जिलाधिकारी ने इसे राज्य के औसत से कम बताते हुए राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से अपील की कि वे अपने स्तर से प्रयास कर मतदाता सूची में छूटे हुए पात्र महिला मतदाताओं के नाम अधिक से अधिक संख्या में शामिल कराने में सहयोग करें।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में शामिल होना लोकतांत्रिक व्यवस्था की मजबूती के लिए आवश्यक है।
एफएलसी प्रक्रिया में राजनीतिक दलों की सहभागिता पर जोर
जिलाधिकारी ने बताया कि एफएलसी (फर्स्ट लेवल चेकिंग) की प्रक्रिया शीघ्र प्रारंभ होने जा रही है। उन्होंने सभी राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों से एफएलसी प्रक्रिया में अनिवार्य रूप से उपस्थित रहने तथा प्रतिदिन अपने किसी अधिकृत प्रतिनिधि को भेजने का अनुरोध किया, ताकि पूरी प्रक्रिया पारदर्शी एवं सहभागितापूर्ण तरीके से संपन्न हो सके।
उन्होंने निर्वाचन से संबंधित सभी कार्यों को निर्धारित समयसीमा में पूरा करने और भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
बैठक में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व)/उप जिला निर्वाचन अधिकारी सहित विभिन्न राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।




