स्वच्छता उत्पाद बनाना सीख रहीं स्वयं सहायता समूह की महिलाएं
फरेंदा में 97 महिलाओं को मिला प्रशिक्षण, डिटर्जेंट से लेकर टॉयलेट क्लीनर और हैंडवॉश बनाने की दी जानकारी

महराजगंज।(न्यूज पैच)। स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़ने और उनकी आय बढ़ाने के उद्देश्य से जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल की पहल पर राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन (एनआरएलएम) के तहत गुरुवार को विकास खंड सभागार फरेंदा में स्वच्छता किट उत्पाद निर्माण प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।
उपायुक्त स्वतः रोजगार मोहम्मद जाकिर की मौजूदगी में काव्या चैरिटेबल ट्रस्ट, गाजियाबाद के संस्थापक योगेंद्र चौधरी ने महिलाओं को विभिन्न स्वच्छता उत्पाद घर पर तैयार करने का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया।
छह ब्लॉकों की 97 महिलाओं ने लिया प्रशिक्षण
कार्यक्रम में फरेंदा, पनियरा, बृजमनगंज, धानी, लक्ष्मीपुर और नौतनवा विकास खंडों के सीएलएफ पदाधिकारियों और सदस्यों ने हिस्सा लिया। कुल 97 महिलाओं को प्रशिक्षण दिया गया।
प्रशिक्षण के दौरान महिलाओं को डिटर्जेंट पाउडर, लिक्विड डिटर्जेंट, डिशवॉश जेल, टी-पॉल, फिनायल कंसन्ट्रेट, टॉयलेट क्लीनर, बाथरूम क्लीनर, नहाने का साबुन और हैंडवॉश जैसे उत्पाद तैयार करने की विधि बताई गई। इसके साथ उत्पादों में इस्तेमाल होने वाली आवश्यक सामग्री और उनके सही उपयोग की जानकारी भी दी गई।
घर से शुरू हो सकता है स्वरोजगार
कार्यक्रम का उद्देश्य महिलाओं को स्थानीय स्तर पर स्वच्छता उत्पाद तैयार करने, उनके उत्पादन और विपणन से जोड़ना है। इससे स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं को अतिरिक्त आय के साथ रोजगार के नए अवसर मिलने की उम्मीद है।
प्रशिक्षण के माध्यम से महिलाओं को केवल उत्पाद निर्माण का कौशल देने के बजाय उन्हें आजीविका के स्थायी साधनों से जोड़ने पर जोर दिया गया, जिससे वे समूह के माध्यम से अपने उत्पादों का उत्पादन और बाजार में बिक्री कर सकें।
बाकी छह ब्लॉकों की महिलाओं को 14 अगस्त को प्रशिक्षण
उपायुक्त स्वतः रोजगार ने बताया कि पहले चरण में छह विकास खंडों की स्वयं सहायता समूह की महिलाओं का प्रशिक्षण पूरा हुआ है। शेष छह ब्लॉकों की महिलाओं के लिए 14 अगस्त को विकास भवन में प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि जिलाधिकारी की इस पहल से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं को स्वावलंबन की दिशा में आगे बढ़ने और स्थानीय स्तर पर गुणवत्तापूर्ण स्वच्छता उत्पाद तैयार कर आजीविका के नए अवसर पैदा करने में मदद मिलेगी।
कार्यक्रम में सहायक विकास अधिकारी (आरडी) फरेंदा, ब्लॉक मिशन प्रबंधक, जिला मिशन प्रबंधक अजय कुमार सहित संबंधित अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।



