डीएम ने किया ध्वजारोहण
कलेक्ट्रेट और विकास भवन में ध्वजारोहण, डीएम ने युवाओं से स्वतंत्रता सेनानियों के जीवन से प्रेरणा लेने का किया आह्वान महराजगंज में शान से लहराया तिरंगा, शहीदों के बलिदान को किया नमन

महराजगंज।(न्यूज पैच)। आजादी के 80वें वर्ष के स्वतंत्रता दिवस पर शनिवार को पूरा जनपद देशभक्ति के रंग में रंगा नजर आया। सरकारी कार्यालयों, शिक्षण संस्थानों और सार्वजनिक प्रतिष्ठानों में ध्वजारोहण कर राष्ट्रगान का गायन किया गया। जगह-जगह स्वतंत्रता संग्राम सेनानियों और वीर बलिदानियों को याद कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई।
कलेक्ट्रेट में डीएम ने किया ध्वजारोहण
कलेक्ट्रेट परिसर में जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने कलेक्ट्रेट भवन पर ध्वजारोहण किया। इसके बाद कलेक्ट्रेट सभागार में स्वतंत्रता संग्राम के वीर बलिदानियों तथा महात्मा गांधी के सत्य और अहिंसा के सिद्धांतों पर विचार गोष्ठी आयोजित हुई।
गोष्ठी को संबोधित करते हुए जिलाधिकारी ने जनपदवासियों, अधिकारियों और कर्मचारियों को स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता देश की अमूल्य धरोहर है। भारत को गुलामी की बेड़ियों से मुक्त कराने में सत्य, अहिंसा और देशभक्ति की भावना की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
उन्होंने भगत सिंह, राजगुरु, सुखदेव सहित सभी वीर बलिदानियों और महात्मा गांधी के योगदान को नमन करते हुए कहा कि देश की आजादी के लिए किए गए बलिदानों को हमेशा स्मरण किया जाना चाहिए।
युवाओं को इतिहास से प्रेरणा लेने की अपील
डीएम ने कहा कि युवाओं को स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों के जीवन और उनके संघर्षों का अध्ययन करना चाहिए। उनके जीवन से गरीब और जरूरतमंद लोगों के प्रति संवेदनशील, उदार और जिम्मेदार बनने की प्रेरणा मिलती है।
उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में युवाओं की अपेक्षाएं बढ़ी हैं और उनके प्रति जिम्मेदारी के साथ कार्य करना आवश्यक है।
अंतिम व्यक्ति तक न्याय पहुंचाना लोक सेवकों की जिम्मेदारी
अपर जिलाधिकारी डॉ. प्रशांत कुमार ने कहा कि वीर सपूतों ने कठिन संघर्ष और असंख्य बलिदानों के बाद देश को स्वतंत्रता दिलाई। संविधान का उद्देश्य सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय सुनिश्चित करना है। ऐसे में प्रत्येक लोक सेवक का दायित्व है कि वह सत्यनिष्ठा और संवेदनशीलता के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करे और समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक न्याय एवं अधिकारों की पहुंच सुनिश्चित करे।
एडीएम न्यायिक ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों और महापुरुषों ने अपने प्राणों का बलिदान देकर देश को आजादी दिलाई और ऐसा संविधान दिया, जिसमें प्रत्येक नागरिक को सरल एवं सुलभ न्याय का अधिकार प्राप्त है। समाज में न्याय व्यवस्था के प्रति विश्वास बनाए रखना सभी की जिम्मेदारी है।
इस अवसर पर अपर उपजिलाधिकारी जितेंद्र सिंह, विजय यादव सहित अन्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे। अरुण मौर्य ने देशभक्ति गीत प्रस्तुत किए और गोष्ठी का संचालन किया।
विकास भवन में सीडीओ ने फहराया तिरंगा
विकास भवन में मुख्य विकास अधिकारी महेंद्र कुमार सिंह ने ध्वजारोहण किया। इसके बाद विकास भवन सभागार में आयोजित गोष्ठी में उन्होंने स्वतंत्रता सेनानियों के सपनों के भारत के निर्माण को लेकर अधिकारियों और कर्मचारियों की जिम्मेदारी पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि स्वतंत्रता सेनानियों और पूर्वजों ने जिस स्वतंत्र भारत का सपना देखा था, उसे साकार करना हम सभी का दायित्व है। विकास योजनाओं को प्रभावी तरीके से लागू कर उनका लाभ समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।
सीडीओ ने अधिकारियों और कर्मचारियों से निष्ठा, ईमानदारी और संवेदनशीलता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि यही स्वतंत्रता सेनानियों के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि होगी।
इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी बी.एन. कन्नौजिया, परियोजना निदेशक रामदरश चौधरी, उपायुक्त श्रम रोजगार गौरवेंद्र सिंह सहित विभिन्न जिलास्तरीय अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।
देशभक्ति के साथ जिम्मेदारियों का संकल्प
स्वतंत्रता दिवस के आयोजनों में तिरंगे को सलामी देने के साथ अधिकारियों और कर्मचारियों ने राष्ट्र की एकता, न्याय और विकास के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को याद किया। कार्यक्रमों में स्वतंत्रता सेनानियों के त्याग को नमन करते हुए उनके सपनों के भारत के निर्माण के लिए ईमानदारी और संवेदनशीलता से कार्य करने का संदेश दिया गया।




