आयुष चिकित्सा को जन-जन तक पहुंचाने पर जोर, योग शिविरों के व्यापक आयोजन के निर्देश

महराजगंज।(न्यूज पैच)। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने सोमवार को आयुर्वेद एवं होमियोपैथी विभाग की समीक्षा बैठक कर दोनों विभागों की कार्यप्रणाली और स्वास्थ्य सेवाओं की प्रगति का जायजा लिया। बैठक में उन्होंने अस्पतालों में दवाओं की उपलब्धता, योग कार्यक्रमों के संचालन तथा आयुष सेवाओं के प्रचार-प्रसार पर विशेष जोर दिया।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने दोनों विभागों से अस्पतालों में दवाओं की उपलब्धता की जानकारी ली। इस पर जिला आयुर्वेदिक एवं होमियोपैथी अधिकारियों ने बताया कि सभी आवश्यक दवाएं पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध हैं।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि लोकप्रिय सार्वजनिक स्थलों पर नियमित योगाभ्यास सत्र आयोजित किए जाएं तथा प्रतिदिन सुबह 8:00 बजे से 9:00 बजे के बीच योग कार्यक्रम संचालित हों। उन्होंने कहा कि इन कार्यक्रमों का व्यापक प्रचार-प्रसार किया जाए, ताकि अधिक से अधिक लोग इसका लाभ उठा सकें।
उन्होंने ‘आयुष आपके द्वार’ कार्यक्रम के तहत खेल मैदानों, सार्वजनिक पार्कों एवं अन्य प्रमुख स्थलों पर नियमित योग शिविर आयोजित करने के निर्देश भी दिए।
बैठक में जिलाधिकारी ने कहा कि आयुष भारतीय चिकित्सा पद्धति की महत्वपूर्ण पहचान है। यह न केवल अपेक्षाकृत सस्ती चिकित्सा प्रणाली है, बल्कि प्राकृतिक उपचार पद्धति पर आधारित होने के कारण इसके दुष्प्रभाव भी कम होते हैं। उन्होंने अधिकारियों से आयुष चिकित्सा को अधिक से अधिक लोकप्रिय बनाने के लिए जनजागरूकता अभियान चलाने का आह्वान किया।
उन्होंने आयुष चिकित्सकों को अपने-अपने एमओआईसी (चिकित्सा अधीक्षक/प्रभारी चिकित्सा अधिकारी) के साथ समन्वय बनाकर कार्य करने तथा प्रत्येक माह संयुक्त बैठक आयोजित कर लोगों को आयुर्वेद एवं होमियोपैथी की उपयोगिता के प्रति जागरूक करने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी महेंद्र कुमार सिंह, जिला आयुर्वेदिक अधिकारी डॉ. हरेंद्र कुमार, जिला होमियोपैथी अधिकारी डॉ. आर.के. द्विवेदी सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।




