पनियरा पुलिस ने बाइक चोर गिरोह के तीन शातिर दबोचे
नहर तिराहे पर चेकिंग के दौरान घेराबंदी कर बरामद की बाइक

पनियरा, महराजगंज।(न्यूज पैच)। जिले में वाहन चोरी की वारदातों पर अंकुश लगाने के लिए चलाए जा रहे अभियान के तहत पनियरा पुलिस ने बुधवार को बड़ी सफलता हासिल की। पनियरा थाने की टीम ने मोटरसाइकिल चोरी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए तीन शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। अभियुक्तों के कब्जे से चोरी की तीन मोटरसाइकिलें भी बरामद हुई हैं।
थानाध्यक्ष पनियरा के नेतृत्व में गठित पुलिस टीम क्षेत्र में लगातार वाहन चोरों की तलाश में जुटी थी। बुधवार देर रात पुलिस टीम बाकी बंधा नहर तिराहे पर संदिग्ध व्यक्तियों और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान तीन युवक अलग-अलग मोटरसाइकिलों से आते दिखे। पुलिस को देखकर वे घबराकर भागने लगे। टीम ने तत्परता दिखाते हुए घेराबंदी कर तीनों को पकड़ लिया। जब बाइकों के कागजात मांगे गए तो तीनों कोई भी वैध दस्तावेज नहीं दिखा सके। सख्ती से पूछताछ करने पर उन्होंने बाइक चोरी की बात कबूल की। थाने लाकर इंजन व चेचिस नंबर का मिलान कराया गया तो बरामद मोटरसाइकिलों का संबंध थाना पनियरा व थाना श्यामदेउरवा में दर्ज चोरी के मुकदमों से निकला। विजय जायसवाल निवासी ग्राम सतगुर, थाना पनियरा, जलालु निवासी ग्राम कुआचांप, थाना पनियरा, राजा बाबू निवासी ग्राम कुआचांप, थाना पनियरा को गिरफ्तार कर चालान कर दिया गया।
पूछताछ में खुलासा हुआ कि विजय जायसवाल गिरोह का सरगना है। 52 साल की उम्र में वह अपने से आधी उम्र के लड़कों को साथ लेकर रैकी करता था। गिरोह के सदस्य भीड़भाड़ वाले बाजार, अस्पताल और शादी समारोह के बाहर खड़ी बाइकों को निशाना बनाते थे। मास्टर-की और डुप्लीकेट चाबी से लॉक तोड़कर मिनटों में बाइक पार कर देते थे। चोरी की गाड़ियों को ग्रामीण इलाकों में सस्ते दामों पर बेच दिया जाता था या नंबर प्लेट बदलकर इस्तेमाल किया जाता था।
अपर पुलिस अधीक्षक सिद्धार्थ ने बताया की तीनों आरोपियों के खिलाफ संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर न्यायालय में पेश किया गया। पुलिस अब इनसे जुड़े अन्य सदस्यों और चोरी की और बाइकों की बरामदगी के लिए पूछताछ कर रही है।




