नहर के टूटे रेलिंग से गुजर रहे वाहन सवार व स्कूली छात्र,चोटिल हो रहे राहगीर सिंचाई विभाग हादसो से अनजान

महराजगंज।(न्यूज पैच)। कहा जाता है कि सिंचाई विभाग का बना बंधा व पुल टिके न टिके लेकिन इस विभाग के कर्मचारी वर्षो तक एक ही जगह पर जरुर टिके रहते है। इस कहावतो को लोग नहरो के पुल पर टूटे रेलिंग को देखकर सही ठहरा रहे है। जनपद में हर वर्ष करोडो रुपये बंधो के निर्माण पर खर्च होते है बावजूद इसके बंधो के बाढ में टूटने का क्रम जारी रहता है। इसी पद्धति पर चलते हुए जनपद के नहरो मे सिल्ट सफाई पुल पुलियो के रंगाई पुताई रेलिंग निर्माण व रेगुलेटर के मरम्मत व रखरखाव पर लाखो रुपये हर साल खर्च होते है लेकिन समस्याए जस की तस दिखाई देती है।सिंचाई विभाग की अनदेखी का ऐसा नजारा बल्लोखास से निकली महराजगंज राजवाहा पर सिसवा बाबू के पास भी देखा जा सकता है।
यहा नहर के पुल से होकर सडक मार्ग गुजरी है जो सोहरौना तिवारी से लेकर मुजहना के पास एन एच730से मिलती है।क्षेत्र के सोहरौना जडार कृतपिपरा राजमंदिर पकडी गिदहा आदि गांव के लोग जिला मुख्यालय इसी रास्ते से जाते है और प्रतिदिन स्कूल बसे व बच्चे इस रास्ते से होकर स्कूल जाते है। नसर पर रेलिंग विहिन पुलिया बडे दुर्घटना को दावत दे रही है लेकिन सिंचाई विभाग की नजर उक्त रेलिंग विहिन पुलिया पर नही पड रही है।
रात मे गुजरते समय कभी भी कोई वाहन नहर मे गिर सकता है जिसको लेकर क्षेत्र के लोग डरे रहते है। फिलहाल लाखो रुपये मरम्मत के नाम पर खर्च करने वाले विभाग की शिथिलता से आमजनो मे आक्रोश है।




