25 साल पुराने मामले में फरेन्दा कोर्ट का फैसला
गाली-गलौज और मारपीट के दोषी 2 लोगों को 1 दिन की सजा और जुर्माना अर्थदंड न देने पर 30-30 दिन अतिरिक्त कारावास

महराजगंज।(न्यूज पैच)। जनपद न्यायालय ने 25 साल पुराने एक मारपीट के मामले में अपना फैसला सुनाया है। फरेन्दा थाना क्षेत्र के पिपराखल्ली गांव के 2 आरोपियों को गाली-गलौज, मारपीट और जानमाल की धमकी देने का दोषी पाते हुए न्यायिक अभिरक्षा और जुर्माने की सजा सुनाई गई है।
सजा का विवरण 06 अगस्त 2026 को जारी किया गया। मामला थाना फरेन्दा से जुड़ा है। घटना 10.07.2001 की है और उसी दिन सूचना भी दर्ज कराई गई थी। आरोप पत्र 15.08.2001 को न्यायालय में दाखिल किया गया था।
अभियोजन के अनुसार अभियुक्तों द्वारा गाली गलौज व मारपीट करना तथा जान माल की धमकी देना का आरोप था। मामले में धारा 323/504/506 भादवि लगाई गई थी।
जे0एम0 फरेन्दा न्यायालय ने मामले में 2 लोगों को दोषी करार दिया। बरखू व त्रिपुगी निवासी ग्राम पिपराखल्ली, थाना फरेन्दा को सजा सुनाई गई है l
कोर्ट ने दोनों को 01-01 दिन की न्यायिक अभिरक्षा और 1000-1000 रुपये अर्थदंड से दंडित किया। यदि अर्थदंड नहीं दिया गया तो 30-30 दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
मामले में वादी मधुना देवी निवासी फरेन्दा और विवेचक तत्कालीन उ0नि0 सुदामा का महत्वपूर्ण योगदान रहा।
सजा दिलाने में अभियोजन पक्ष से शशि भूषण सिंह एपीओ, कोर्ट मुहर्रिर हे0का0 बृजेश कुमार शुक्ला और पेशकार का0 जावेद अहमद का सहयोग रहा।
25 साल बाद आए इस फैसले से स्पष्ट है कि कानून के हाथ लंबे होते हैं। मामूली विवाद को भी गंभीरता से लिया जाता है। मारपीट और धमकी जैसे मामलों में कोर्ट कड़ी कार्रवाई करता है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पुराने लंबित मामलों के निस्तारण के लिए लगातार पैरवी की जा रही है। दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।




