युवा अपनी ऊर्जा को राष्ट्र निर्माण में लगाएं : राजीव नयन
‘युवा संवाद’ कार्यक्रम में युवाओं से समाज और राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी निभाने का किया आह्वान

महराजगंज।(न्यूज पैच)। युवाओं को राष्ट्र निर्माण की दिशा में अपनी ऊर्जा, प्रतिभा और सामर्थ्य का सकारात्मक उपयोग करने का आह्वान करते हुए राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सिद्धार्थनगर विभाग प्रचारक श्री राजीव नयन जी ने कहा कि युवा देश की वर्तमान शक्ति हैं और उनके विचार, संस्कार एवं संकल्प ही राष्ट्र के भविष्य को दिशा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
जनपद के राम हर्ष इंटरमीडिएट कॉलेज तथा राजेंद्र प्रसाद ताराचंद्र महाविद्यालय में आयोजित ‘युवा संवाद’ कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में श्री राजीव नयन जी ने युवाओं को संबोधित किया। कार्यक्रम का शुभारंभ सरस्वती एवं भारत माता जी के चित्र के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित कर किया गया। राम हर्ष इंटरमीडिएट कॉलेज में आयोजित कार्यक्रम की अध्यक्षता श्री नेतरंजन शर्मा ने की, जबकि राजेंद्र प्रसाद ताराचंद्र महाविद्यालय में कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रधानाचार्य श्री गोविंद शरण सिंह ने की।
अपने संबोधन में विभाग प्रचारक राजीव नयन जी ने कहा कि युवाओं को अपने व्यक्तिगत विकास के साथ-साथ समाज और राष्ट्र के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को भी समझना चाहिए। देश के विकास और सामाजिक परिवर्तन में युवाओं की सक्रिय भागीदारी आवश्यक है। उन्होंने युवाओं से अनुशासन, सेवा, संस्कार और राष्ट्रभाव को अपने जीवन का हिस्सा बनाने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि युवा अपनी क्षमता को सही दिशा में लगाकर समाज में सकारात्मक परिवर्तन ला सकते हैं। राष्ट्र निर्माण केवल किसी एक व्यक्ति या संस्था की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक का दायित्व है। आज का युवा जितना जागरूक, जिम्मेदार और चरित्रवान होगा, देश का भविष्य उतना ही मजबूत होगा।
किसान आदर्श कन्या महाविद्यालय में अजीत जी ने युवाओं को दिया मार्गदर्शन
इसी क्रम में किसान आदर्श कन्या महाविद्यालय में आयोजित ‘युवा संवाद’ कार्यक्रम में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सह-विभाग प्रचारक श्रीमान अजीत जी भाईसाहब मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि युवा केवल अपने कैरियर और व्यक्तिगत सफलता तक सीमित न रहें, बल्कि अपने ज्ञान, प्रतिभा और सामर्थ्य का उपयोग समाज के हित तथा राष्ट्र निर्माण के लिए भी करें।
अजीत जी ने कहा कि युवावस्था जीवन का वह महत्वपूर्ण चरण है, जिसमें व्यक्ति अपने विचारों, व्यक्तित्व और भविष्य की दिशा निर्धारित करता है। इसलिए युवाओं में आत्मविश्वास, अनुशासन, संस्कार, कर्तव्यबोध और राष्ट्र के प्रति सकारात्मक दृष्टिकोण का विकास आवश्यक है। उन्होंने छात्राओं से शिक्षा के साथ-साथ अपने व्यक्तित्व के सर्वांगीण विकास और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारियों को समझने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि भारत की प्रगति में युवाओं की भूमिका निर्णायक है। युवा अपनी प्रतिभा और ऊर्जा को सही दिशा में लगाकर समाज में सकारात्मक परिवर्तन के वाहक बन सकते हैं। राष्ट्र के प्रति जिम्मेदारी का भाव और समाज के प्रति सेवा की भावना ही युवा जीवन को सार्थक बनाती है।
किसान आदर्श कन्या महाविद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की और अजीत जी के विचारों को सुना। कार्यक्रम के माध्यम से युवाओं को अपने लक्ष्य के प्रति सजग रहने के साथ-साथ समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन करने का संदेश दिया गया।
‘युवा संवाद’ कार्यक्रमों में युवाओं की उत्साहपूर्ण सहभागिता रही। विभिन्न कार्यक्रमों के दौरान राष्ट्र, समाज, संस्कृति, शिक्षा और व्यक्तिगत दायित्वों से जुड़े विषयों पर विचार-विमर्श हुआ। युवाओं को अपनी क्षमता पहचानकर सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ने तथा समाज एवं राष्ट्र के लिए योगदान देने का संदेश दिया गया।
कार्यक्रमों के माध्यम से युवाओं में राष्ट्रभाव, कर्तव्यबोध और सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को मजबूत करने का संदेश दिया गया।




