विश्व युवा कौशल दिवस पर आईटीआई में सजी नवाचारों की प्रदर्शनी, डीएम बोले— कौशल ही आत्मनिर्भर भारत की सबसे बड़ी ताकत

महराजगंज।(न्यूज पैच)। विश्व युवा कौशल दिवस के अवसर पर मंगलवार को राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई), महराजगंज में कौशल, नवाचार और तकनीकी दक्षता का अनूठा संगम देखने को मिला। संस्थान परिसर में आयोजित कौशल प्रदर्शनी में जनपद के विभिन्न राजकीय आईटीआई संस्थानों के प्रशिक्षणार्थियों ने अपने नवाचारी मॉडल, तकनीकी प्रोजेक्ट और रचनात्मक उत्पादों का प्रदर्शन किया। मुख्य अतिथि जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने प्रदर्शनी का अवलोकन कर प्रशिक्षणार्थियों के प्रयासों की सराहना करते हुए उन्हें अपने कौशल को निरंतर विकसित करने का संदेश दिया।
प्रदर्शनी के दौरान जिलाधिकारी ने प्रत्येक स्टॉल पर पहुंचकर प्रशिक्षणार्थियों से उनके प्रोजेक्ट की कार्यप्रणाली, उपयोगिता और तकनीकी विशेषताओं की जानकारी प्राप्त की। उन्होंने कहा कि युवाओं की रचनात्मक सोच और तकनीकी दक्षता भविष्य के विकसित भारत की मजबूत नींव है। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि ऐसे नवाचार समाज और उद्योग दोनों के लिए उपयोगी साबित हो सकते हैं।
अपने संबोधन में जिलाधिकारी ने कहा कि वर्तमान समय ज्ञान और कौशल आधारित अर्थव्यवस्था का युग है। बदलते वैश्विक परिवेश में केवल शैक्षणिक डिग्री पर्याप्त नहीं है, बल्कि व्यावहारिक कौशल ही युवाओं को रोजगार, स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता की दिशा में आगे बढ़ाता है। उन्होंने कहा कि औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान वर्षों से देश को कुशल तकनीशियन और दक्ष मानव संसाधन उपलब्ध करा रहे हैं, जो उद्योगों, सरकारी एवं निजी संस्थानों में अपनी सेवाएं देने के साथ-साथ स्वयं का उद्यम स्थापित कर रोजगार सृजन भी कर रहे हैं।
जिलाधिकारी ने युवाओं से कहा कि वे अपने प्रत्येक कार्य को उत्कृष्टता के साथ करने का संकल्प लें। उन्होंने कहा कि सफलता का आधार निरंतर सीखने की जिज्ञासा, अनुशासित परिश्रम और सकारात्मक सोच है। आपके द्वारा तैयार किए गए मॉडल आपकी प्रतिभा, कल्पनाशीलता और नवाचार क्षमता के परिचायक हैं। यदि इन्हें लगातार अभ्यास और अनुसंधान से और बेहतर बनाया जाए तो राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी पहचान बनाई जा सकती है।
कार्यक्रम के दौरान आईटीआई महराजगंज के प्रधानाचार्य दुर्गेश कुमार ने जिलाधिकारी का स्वागत करते हुए संस्थान की उपलब्धियों, प्रशिक्षण गतिविधियों और रोजगारपरक कार्यक्रमों की जानकारी दी। जिलाधिकारी ने संस्थान की आधारभूत सुविधाओं एवं प्रशिक्षण व्यवस्था की भी समीक्षा की तथा आवश्यक समस्याओं के शीघ्र समाधान का आश्वासन दिया। उन्होंने निचलौल, नौतनवा, माधोनगर और फरेंदा स्थित राजकीय आईटीआई संस्थानों की चिन्हित समस्याओं के त्वरित निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश भी दिए।
प्रदर्शनी में कई आकर्षक और उपयोगी प्रोजेक्ट्स ने सभी का ध्यान खींचा। फैशन डिजाइन एवं टेक्नोलॉजी की प्रशिक्षणार्थी गरिमा चौरसिया द्वारा 27.5 मीटर फैब्रिक से तैयार किया गया आकर्षक फ्रिल टेल गाउन विशेष आकर्षण का केंद्र रहा, जिसका चयन गोरखपुर मंडल से राज्य स्तरीय प्रदर्शनी के लिए किया गया है। इसके अलावा पेंटर जनरल ट्रेड की कलात्मक चित्रकारी, एडवांस सीएनसी मशीनिंग द्वारा निर्मित उत्पाद, ड्रोन टेक्नीशियन ट्रेड के विभिन्न ड्रोन मॉडल तथा आईटी एवं कोपा ट्रेड के विद्यार्थियों द्वारा तैयार नेटवर्क टोपोलॉजी प्रोजेक्ट्स को भी उपस्थित लोगों ने खूब सराहा।
कार्यक्रम में जनपद के सभी राजकीय आईटीआई संस्थानों के प्रधानाचार्य, अनुदेशक, प्रशिक्षक, प्रशिक्षणार्थी, कौशल विकास मिशन के एमआईएस मैनेजर तथा बड़ी संख्या में कर्मचारी एवं अधिकारी उपस्थित रहे। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं में तकनीकी दक्षता, नवाचार और उद्यमिता की भावना को प्रोत्साहित करना तथा कौशल विकास के महत्व के प्रति जागरूकता बढ़ाना रहा।




