नगर निकायों के कार्यों की समीक्षा में डीएम सख्त, विलंब पर ठेकेदारों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश
08 ठेकेदार ब्लैकलिस्ट, जिलाधिकारी ने कहा—कार्य में विलंब बर्दाश्त नहीं, नगर सृजन योजना के कार्यों का होगा स्थलीय सत्यापन, पीएम आवास में शत-प्रतिशत जियो टैगिंग के निर्देश

महराजगंज।(न्यूज पैच)। जिलाधिकारी गौरव सिंह सोगरवाल ने जनपद के नगर निकायों में संचालित विकास कार्यों एवं विभिन्न योजनाओं की प्रगति की निकायवार समीक्षा की। जनपद में योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन, कार्यों की वास्तविक प्रगति की जानकारी तथा मौके पर आ रही समस्याओं के त्वरित समाधान के उद्देश्य से जिलाधिकारी द्वारा निकायों पर जाकर समीक्षा करने की पहल शुरू की गई है। समीक्षा के दौरान उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता और निर्धारित समयसीमा के अनुपालन को लेकर कड़ा रुख अपनाते हुए स्पष्ट निर्देश दिए कि विकास कार्यों में किसी भी स्तर पर लापरवाही अथवा अनावश्यक विलंब बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
निर्माण कार्यों में विलंब के मामलों पर जिलाधिकारी ने संबंधित कॉन्ट्रेक्टरों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए। सोनौली में सीवरेज जल निकासी योजना में विलंब को लेकर मेसर्स अहद एवं मेसर्स हरिनंदन, पं. दीनदयाल नगर विकास योजना में मेसर्स आशुतोष दूबे, नगर पंचायत आनंदनगर में मुख्यमंत्री नगर सृजन योजना के विलंबित कार्यों के संबंध में मेसर्स जगदंबा एवं मेसर्स मां शारदा तथा चौक में वंदन योजना में विलंब को लेकर मेसर्स रामनिवास सिंह एवं मेसर्स धर्मेंद्र सिंह को ब्लैकलिस्ट करने हेतु निर्देशित किया गया। इस प्रकार कुल 08 कॉन्ट्रेक्टरों को ब्लैकलिस्ट करने की कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने कहा कि निर्माण कार्यों में गुणवत्ता और समयसीमा के अनुपालन में कोई समझौता नहीं किया जाएगा। संबंधित अधिकारी कार्यों की नियमित निगरानी करें और यह सुनिश्चित करें कि स्वीकृत मानकों के अनुरूप कार्य निर्धारित अवधि में पूर्ण हों।
उन्होंने महराजगंज, सिसवा एवं चौक में मुख्यमंत्री नगर सृजन योजना के अंतर्गत स्वीकृत कार्यों का जिलास्तरीय अधिकारियों की टीम गठित कर स्थलीय सत्यापन कराने के निर्देश दिए। साथ ही योजना के स्वीकृत कार्यों की डीपीआर अभी तक प्रेषित न किए जाने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए सभी संबंधित निकायों को शुक्रवार तक डीपीआर प्रेषित करने का कड़ा निर्देश दिया।
विद्यालयों में कराए जा रहे कार्यों का भी जिलाधिकारी ने खंड शिक्षा अधिकारियों के माध्यम से स्थलीय सत्यापन कराने को कहा, ताकि कार्यों की गुणवत्ता एवं वास्तविक प्रगति सुनिश्चित हो सके।
प्रधानमंत्री आवास योजना की समीक्षा में कम जियो टैगिंग पर नाराजगी व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को अभियान चलाकर एक सप्ताह के भीतर शत-प्रतिशत जियो टैगिंग पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
पीएम स्वनिधि योजना की समीक्षा में उन्होंने ऋण आवेदन एवं ऋण वितरण की प्रगति बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि रेहड़ी-पटरी एवं छोटे व्यवसायियों के आर्थिक सशक्तीकरण के लिए यह महत्वपूर्ण योजना है। पात्र लाभार्थियों को योजना से जोड़ते हुए लंबित आवेदनों का शीघ्र निस्तारण कराया जाए।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि नगर निकायों में संचालित सभी विकास कार्यों की नियमित निगरानी करते हुए उन्हें समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं मानकों के अनुरूप पूर्ण कराना सुनिश्चित करें।
बैठक में ऐप जिलाधिकारी वि/रा डॉ प्रशांत कुमार, सभी ईओ, पीओ डूडा सहित अन्य संबंधित लोग उपस्थित रहे




