लुटेरी दुल्हन के गिरोह का पर्दाफाश
एसपी ने किया खुलासा चार गिरफ्तार

महराजगंज/सिंदुरिया।(न्यूज पैच)। जनपद के सिंदुरिया पुलिस को एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। पुलिस ने लुटेरी दुल्हन के गिरोह का पर्दाफाश करते हुए गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है साथ ही विवाह के नाम पर लिए गए धनराशि व जेवर को भी बरामद किया है। इसका खुलासा पुलिस अधीक्षक श्री शक्ति मोहन अवस्थी ने किया। साथ ही बताया कि पकड़े गए आरोपियों को संबंधित अभियोग के तहत चलन न्यायालय किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।
पुलिस अधीक्षक श्री अवस्थी ने पत्रकार वार्ता के दौरान बताया कि शनिवार को जनपद एटा निवासी रंजीत चौहान अपने परिजनों के साथ सिंदुरिया थाने पर आया और प्रार्थना पत्र दिया कि 2 मई 2026 को करीब 8 बजे चार महिलाएं व जितेंद्र द्वारा सुनियोजित तरीके से शादी कराने के नाम पर धोखाधड़ी की गई आरोपियों ने अंजलिका को पूजा नाम से अविवाहित बताकर उससे विवाह तय कराया, जबकि वह पहले से ही विवाहित व एक बच्चे की मां है ।रंजीत को सिंदुरिया स्थित मंदिर के पास बुलाकर शादी की रस्में कराई जाने लगी इस दौरान 10000 रुपए खाने पीने के नाम पर 90000 रुपए शादी कराने के नाम पर 26000 रुपए मंगलसूत्र व एक जोड़ी पायल धोखे से उसे ले लिया गया।
घटना के दौरान आरोपियों द्वारा अचानक गाली गलौज करते हुए दूल्हा रंजीत व उसके साथ आए लोगों के साथ मारपीट की गई जिससे वादी उसके जीजा व मामा को छोटे आई इस बीच मुख्य आरोपी जितेंद्र अंजलिका को लेकर मौके से फरार हो गया तथा अन्य महिलाएं भी जान माल का धमकी देते हुए भाग गई इस मामले में सिंदुरिया पुलिस ने बीएनएस की धारा 318 (3), 319(2), 115(2), 352, 351(3) बीएनएस के तहत कोठीभार जनपद के बढ़ईपुरवा निवासिनी लालती कुशीनगर जिले के कप्तानगंज थाना क्षेत्र के पिपरामाफी निवासिनी सुमित्रा कप्तानगंज थाना क्षेत्र के चकबंदी दक्षिणी टोला निवासनी काजल कप्तानगंज थाना क्षेत्र के भेड़ियहवा निवासिनी अंजलीका एवं जितेंद्र के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया। साथ ही मामले की विवेचना उप निरीक्षक मिथिलेश कुमार को सौंप गई विवेचना के दौरान रविवार को पुलिस टीम द्वारा चिऊटहा बाजार से चारों महिला आरोपियों को गिरफ्तार किया गया जबकि मुख्य आरोपी जितेंद्र पुलिस की पकड़ से बाहर है।
पुलिस ने पकड़ी गई आरोपी महिलाओं के कब्जे से 39500 नगद, एक जोड़ी पायल व मंगलसूत्र बरामद किया है। साथ ही गिरफ्तारी एवं बरामदगी के आधार पर मुकदमे में बीएनएस की धारा 317(2) व 61(2)(B) की बढ़ोतरी की गई है।
अपराध में है ईनकी भूमिका
कुंवारे लड़कों को अपने जाल फंसाकर शादी का झांसा देकर पैसा व जेवर लूटने का अनोखा अपराध जनपद में प्रचलित हो रहा है। लेकिन पुलिस की सक्रियता से ऐसे गिरोहों के सदस्यों को गिरफ्तार कर उनका मनोबल गिराया जा रहा है लुटेरी दुल्हन के इस गिरोह में शामिल ललिता मुख्य आरोपी जितेंद्र से मिलकर नवविवाहिता की व्यवस्था का आश्वासन देती थी ।और पूरे षडयंत्र में शामिल रही काजल, अंजलिका व उसकी मां सुमित्रा से मिलकर अंजलिका को पुनः शादी के लिए मनवाना व शादी के लिए तैयार करने की भूमिका काजल की थी।
जबकि सुमित्रा की भूमिका अंजलिका की सगी मां होते हुए भी वह बहरी व गूंगी होने का नाटक करके पूरे षडयंत्र में शामिल रही। अंजलीका एक बच्चे की मां होते हुए भी स्वयं को अविवाहित बताकर शादी का ढोंग रचकर पूरे घटनाक्रम में शामिल रही। पकड़े गए सभी महिला आरोपियों का आपराधिक इतिहास रहा है इसमें ललिता के विरुद्ध सिंदुरिया, कोठीभार व निचलौल थानों में अपराधिक मामले दर्ज हैं ।
गिरफ्तार करने वाली टीम में
लुटेरी दुल्हन गिरोह को गिरफ्तार करने वाली टीम में थानाध्यक्ष सिंदुरिया राजकुमार सिंह, उपनिरीक्षक मिथिलेश कुमार सिंह, उपनिरीक्षक आलोक कुमार सिंह, महिला उप निरीक्षक प्रियंका मौर्य, हे0 का0 धनंजय खरवार, आरक्षी अभिषेक यादव, इंद्रेश यादव, महिला आरक्षी मीना द्विवेदी, रुनिया, रंजना तिवारी व आयुषी जायसवाल शामिल रही ।
प्रमोद मौर्य
सिंदुरिया




